फिल्ममेकर आदित्य धर की फिल्म ‘धुरंधर: द रिवेंज’ रिलीज़ के बाद से ही एक बड़ी हिट बन गई है और बॉक्स ऑफिस पर कई रिकॉर्ड तोड़ रही है. इस फिल्म को दर्शकों के साथ-साथ तमाम सेलेब्स से भी खूब तारीफ़ मिल रही है. दीपक तिजोरी ने भी ‘धुरंधर: द रिवेंज’ की खूब तारीफ की है. हालांकि उन्होंने सीबीएफसी से फिल्म में “आधे-अधूरे म्यूट किए गए” अपशब्दों के बारे में सवाल किया है. उन्होंने कहा कि इस तरह की सेंसरशिप के पीछे क्या लॉजिक है, इसे लेकर वह काफी उलझन में पड़ गए हैं.
‘धुरंधर 2′ में गालियों के आधा-अधूरा म्यूट करने पर उठाए सवाल
गुरुवार को दीपक ने इंस्टाग्राम पर एक ब्लैक स्क्रीन शेयर की, जिस पर ‘धुरंधर पार्ट 2: द रिवेंज’ लिखा था और साथ में एक छोटा सा रेड हार्ट भी बना था. उन्होंने लिखा, “मुझे यह मानना पड़ेगा… शायद मुझसे कुछ छूट रहा है. शायद मेरे पास वैसी समझ नहीं है, जैसी सेंट्रल बोर्ड ऑफ फिल्म सर्टिफ़िकेशन (CBFC) या उसके बोर्ड सदस्यों के पास है. क्योंकि मुझे सच में यह समझ नहीं आता, आधी गालियों को म्यूट क्यों किया जाए और आधी को रहने क्यों दिया जाए? कुछ जगहों पर कुछ को रहने दिया जाए और कुछ को पूरी तरह से म्यूट कर दिया जाए?”
ओटीटी पर बिना म्यूट वर्जन के रिलीज फिल्म पर उठाए सवाल
उन्होंने आगे कहा, “खासकर तब, जब फ़िल्म पहले से ही 18+ सर्टिफ़ाइड हो, जिसका साफ़ मतलब है कि यह बड़ों के लिए है, तो आख़िर हम यहां किसे बचा रहे हैं? और किससे… किसी आधे-अधूरे शब्द से? और फिर वह बात आती है जो मुझे सच में उलझन में डाल देती है, वही फ़िल्म, एक या दो महीने के अंदर, ओटीटी पर रिलीज़ हो जाती है… बिना किसी म्यूट के… बिना किसी बदलाव के… ठीक वैसी ही, जैसी उसे बनाया गया था। और वहीं बच्चे इसे देख लेते हैं… घर पर… परिवार के साथ बैठकर… जिसमें सब कुछ पूरी तरह से सुनाई देता है.”
एक्टर ने अपनी बात खत्म करते हुए कहा, “तो मैं बस यह समझने की कोशिश कर रहा हूं—सच कहूं तो कि बड़ों के लिए बने थिएटरों में किसी चीज़ को ‘आधा म्यूट’ करना कितना समझदारी भरा कदम है, जबकि वही चीज़ कुछ ही समय बाद घर पर पूरे वॉल्यूम में चलती है? हो सकता है कि इसके पीछे कोई ऐसी वजह हो जो मुझे समझ नहीं आ रही हो… या शायद, बस शायद… हम गलत चीज़ों के बारे में ज़रूरत से ज़्यादा सोच रहे हैं. बस समझने की कोशिश कर रहा हूं, सिनेमा का लॉजिक, सीबीएफसी का लॉजिक… है ना?”
‘धुरंधर: द रिवेंज’ के बारे में
आदित्य धर के निर्देशन में बनी इस स्पाई एक्शन थ्रिलर फ़िल्म में रणवीर सिंह मुख्य भूमिका में हैं, और उनके साथ आर. माधवन, अर्जुन रामपाल, संजय दत्त, राकेश बेदी और सारा अर्जुन अहम किरदारों में नज़र आएंगे. यह फ़िल्म रणवीर सिंह के किरदार की शुरुआत और उसके सफ़र को दिखाती है कि कैसे वह ‘जसकिरत सिंह रंगी’ से ‘हमज़ा अली मज़ारी’ बन जाता है. इसके साथ ही, फ़िल्म में यह भी दिखाया गया है कि कैसे वह पाकिस्तान में मौजूद आतंकी नेटवर्क को खत्म करने के अपने मिशन को अंजाम देते हुए, धीरे-धीरे तरक्की करके ‘लियारी’ का सरगना बन जाता है.
