पश्चिमी उतर प्रदेश के जनपद मुजफ्फरनगर में एक व्यापारी से दस लाख रुपये की रंगदारी मांगने वाले दो बदमाशों को सिविल लाइन थाना पुलिस ने मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार कर लिया. पुलिस की जवाबी कार्रवाई में एक बदमाश गोली लगने से घायल हो गया, जिसे उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है. पुलिस ने दोनों के पास से अवैध तमंचे, कारतूस और घटना में इस्तेमाल किए गए मोबाइल फोन भी बरामद किए हैं.
दरअसल, 4 मार्च को पटेलनगर निवासी व्यापारी राजीव जैन ने सिविल लाइन थाने में शिकायत दर्ज कराई थी कि अज्ञात बदमाश मोबाइल फोन पर उन्हें जान से मारने की धमकी दे रहे हैं और सुरक्षा के बदले दस लाख रुपये की रंगदारी मांग रहे हैं. शिकायत के आधार पर पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी थी.
पुलिस की जवाबी आत्मरक्षा कार्रवाई में एक बदमाश को लगी गोली
जांच के दौरान शुक्रवार (6 फरवरी) को पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली कि रंगदारी मांगने वाले बदमाश बामनहेड़ी रेलवे स्टेशन के पास किसी वारदात को अंजाम देने की फिराक में खड़े हैं. सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची. पुलिस को देखकर बदमाश जंगल की ओर भागने लगे और पेड़ों की आड़ लेकर पुलिस पर फायरिंग शुरू कर दी.
पुलिस ने बदमाशों को आत्मसमर्पण करने की चेतावनी दी, लेकिन वे लगातार फायरिंग करते रहे. इसके बाद पुलिस ने आत्मरक्षा में जवाबी कार्रवाई की, जिसमें एक बदमाश गोली लगने से घायल हो गया, जबकि दूसरे को कॉम्बिंग के दौरान पकड़ लिया गया.
जेल में व्यापारी के खिलाफ 20 लाख रुपये की मिली थी सुपारी
घायल बदमाश की पहचान प्रताप चौधरी उर्फ ‘बदमाशों का देवता’ निवासी हुसैनपुर थाना रामराज, मुजफ्फरनगर के रूप में हुई है. उसके साथी रवि उर्फ सूटर निवासी बाखरपुर थाना बालेनी, बागपत को भी पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया.
पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि वे सुपारी लेकर हत्या करने का काम करते हैं. प्रताप ने खुलासा किया कि जेल में उसकी मुलाकात अतुल कुमार नाम के व्यक्ति से हुई थी, जिसने व्यापारी राजीव जैन की हत्या के लिए 20 लाख रुपये की सुपारी दी थी. पुलिस अब इस पूरे गिरोह और इसके अन्य साथियों की तलाश में जुटी हुई है.
