World Luxurious Prison: इस देश की जेल के आगे फीके पड़ जाएंगे होटल, जानें क्या है इनके आलिशान होने की वजह


World Luxurious Prison: जब भी लोग जेलों के बारे में सोचते हैं तो अक्सर कठोर सेल, कड़ी सिक्योरिटी और रहने के मुश्किल हालात ही ध्यान में आते हैं. लेकिन नॉर्वे में जेलें काफी अलग दिखती हैं. हाल्डेन जेल और बास्टॉय जेल जैसी जगहों को दुनिया के सबसे इंसानी और आरामदायक सुधार संस्थानों में से एक माना जाता है. उनके कमरे मॉडर्न अपार्टमेंट जैसे दिखते हैं और कैदियों को पढ़ाई, मनोरंजन और स्किल डेवलपमेंट प्रोग्राम की सभी सुविधाएं मिलती हैं.

रिहैबिलिटेशन पर फोकस 

नॉर्वे के जेल सिस्टम की नींव रिहैबिलिटेशन है. अधिकारियों का ऐसा कहना है कि कैदियों के साथ इज्जत और सम्मान से पेश आने से रिहाई के बाद उनके कानून मानने वाले नागरिक बनने की संभावना बढ़ जाती है. कड़ी सजा के बजाय मकसद कैदियों को साइकोलॉजिकल और सोशली सुधारना है. आपको बता दें कि यह तरीका काफी असरदार साबित हुआ है. ऐसा इसलिए क्योंकि नॉर्वे में दुनिया में दोबारा अपराध करने की दर सबसे कम है. 

मॉडर्न सुविधा वाले आरामदायक प्राइवेट कमरे 

पारंपरिक जेल सेल के उलट नॉर्वे की जेल में कैदी छोटे अपार्टमेंट जैसे डिजाइन किए गए प्राइवेट कमरों में रहते हैं. इन कमरों में अक्सर फ्लैट स्क्रीन टेलीविजन, मिनी फ्रिज, स्टडी डेस्क और बड़ी खिड़कियां होती हैं. इसका मकसद एक इंसानी माहौल को बनाए रखना है, ताकि मेंटल हेल्थ को सपोर्ट मिले.

मनोरंजन और स्किल डेवलपमेंट 

नॉर्वेजियन जेलें ऐसी सुविधाएं देती हैं जिनसे कैदियों को नई स्किल और हॉबी डेवलप करने में मदद मिले. इनमें जिम, म्यूजिक स्टूडियो, लाइब्रेरी और रॉक क्लाइंबिंग वॉल भी शामिल है. कैदी खाना बनाना, बढ़ईगीरी और म्यूजिक प्रोडक्शन जैसी प्रैक्टिकल स्किल सीख सकते हैं. 

कम से कम सिक्योरिटी बैरियर 

बास्टॉय जैसी जेल आईलैंड पर हैं और उनमें कांटेदार तार या फिर हथियारबंद गार्ड जैसे पारंपरिक हाई सिक्योरिटी बैरियर नहीं होते.  कैदी लकड़ी के बने कॉटेज में रहते हैं, खेतों में काम करते हैं, घुड़सवारी करते हैं और बाहर की एक्टिविटी में हिस्सा लेते हैं. 

कैदियों को नॉर्मल जिंदगी के लिए तैयार करना

नॉर्वे का जेल सिस्टम समाज में वापस आने को आसान बनाने का मकसद रखता है. कैदी यूनिफॉर्म के बजाय रेगुलर कपड़े पहनते हैं और जेल स्टाफ के साथ इज्जत से बात करते हैं. यह नॉर्मल माहौल साइकोलॉजिकल स्ट्रेस को काम करता है और साथ ही कैदियों को अपनी सजा पूरी करने के बाद जेल के बाहर की जिंदगी में ज्यादा आसानी से ढलने में मदद करता है.

यह भी पढ़ें:  बिना इनकम टैक्स के भी कैसे अमीर है दुबई, जानें कैसे बढ़ता है सरकार का खजाना



Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *