ईरान और अमेरिका के बीच फिर से युद्ध होने की सुगबुगाहट शुरू हो गई है. ऐसा इसलिए क्योंकि हाल ही में ईरान के सेना हेडक्वार्टर के चीफ मोहम्मद जाफर असदी ने एक बयान दिया है. इसमें कहा गया है कि अमेरिका किसी भी समझौते या डील को लेकर ईमानदार नहीं है.
फार्स न्यूज एजेंसी के मुताबिक असद ने अमेरिकी अधिकारियों को लेकर कहा है कि उनके बयान काफी गंभीर सवाल खड़े करते हैं. इसके अलावा उन्होंने कहा है कि अमेरिका के बयान मीडिया के हिसाब से दिए जा रहे हैं. इनका मकसद सिर्फ तेल की कीमतों की गिरावट को रोकना है. इससे तेल को लेकर जो हालात बने हैं, उनसे बाहर निकलना है.
ईरान की सेना पूरी तरह अलर्ट, हर मूर्खता का जवाब देंगे
इसके अलावा उन्होंने चेताते हुए कहा है कि ईरान की सेना पूरी तरह से अलर्ट है. किसी भी निपटने में तेहरान की सेना सक्षम है. उन्होंने स्पष्ट रूप से कहा है कि अमेरिका की किसी भी नई हरकत और मूर्खता का जवाब देने के लिए हम और हमारी सेना पूरी तरह तैयार है.
ट्रंप ने ईरान के प्रस्ताव को खारिज किया
ईरान की तरफ से यह बयान ऐसे वक्त आया है, जब अमेरिका के राष्ट्रपति ने शुक्रवार को तेहरान के प्रस्ताव को नकार दिया. ट्रंप ने अपने बयान में कहा कि ईरान की तरफ से रखी जा रही शर्तें स्वीकार नहीं है. इसके अलावा ट्रंप ने ईरान के नेतृत्व को बिखरा हुआ और बंटा हुआ करार दिया है.
ट्रंप ने अपने बयान में कहा है कि ईरान के साथ युद्ध विराम के बाद सभी तरह के संघर्ष खत्म हो चुके हैं. साथ ही वॉर पावर्स एक्ट को असंवैधानिक करार दिया है. इसके अलावा ट्रंप ने चेताया है कि हम किसी भी तरह से ईरान को परमाणु हथियार हासिल नहीं करने देंगे. यह दुनिया के लिए एक बहुत बड़ा खतरा है.
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