- देशभर में छापेमारी के दौरान इलेक्ट्रॉनिक उपकरण और दस्तावेज बरामद हुए।
केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) ने नीट यूजी-2026 परीक्षा में कथित गड़बड़ी और पेपर लीक मामले में बुधवार (13 मई, 2026) को बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया है. सीबीआई ने इस मामले में पांच आरोपियों को तीन अलग-अलग जगहों से गिरफ्तार किया है. इसके साथ ही, सीबीआई की तरफ से देशभर में कई ठिकानों पर ताबड़तोड़ छापेमारी भी की गई है.
पांचों आरोपियों में तीन जयपुर से, एक नासिक और एक गुरुग्राम से धराया
सीबीआई ने नीट परीक्षा में कथित गड़बड़ी और पेपर लीक मामले में जिन पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है, उसमें से तीन आरोपियों को जयपुर से गिरफ्तार किया गया. इन तीन आरोपियों के नाम- मांगीलाल बिवाल, विकास बिवाल और दिनेश बिवाल हैं. इसके अलावा, महाराष्ट्र के नासिक से शुभम खैरनार और हरियाणा के गुरुग्राम से यश यादव नाम के आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है. इस मामले में अब तक सीबीआई ने कुल 5 आरोपियों को गिरफ्तार किया है. इसके अलावा कई अन्य संदिग्धों से पूछताछ जारी है.
नासिक में आरोपी शुभम खैरनार के घर पर सीबीआई की छापेमारी
नीट पेपर लीक मामले में आरोपी शुभम खैरनार के नासिक के नांदगांव स्थित घर पर सीबीआई ने बुधवार (13 मई, 2026) को छापेमारी की. सीबीआई की टीम और स्थानीय पुलिस ने आरोपी के घर की तलाशी ली. कई घंटों तक शुभम के परिजनों से पूछताछ की गई. बता दें कि सीबीआई की टीम ने कल मंगलवार (12 मई, 2026) को पेपर लीक मामले में शुभम खैरनार को हिरासत में लिया था.
शिक्षा मंत्रालय की तरफ से दर्ज शिकायत पर CBI की कार्रवाई
सीबीआई ने मंगलवार (12 मई, 2026) को शिक्षा मंत्रालय के उच्च शिक्षा विभाग से मिली लिखित शिकायत के आधार पर मामला दर्ज किया था. शिकायत में नीट यूजी-2026 परीक्षा के संचालन में अनियमितता और पेपर लीक के आरोप लगाए गए थे.
एफआईआर में आपराधिक साजिश, धोखाधड़ी, आपराधिक विश्वासघात समेत भारतीय न्याय संहिता (BNS), भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम और पब्लिक एग्जामिनेशन (अनफेयर मीन्स प्रिवेंशन) एक्ट 2024 की विभिन्न धाराएं लगाई गई हैं.
देशभर के कई ठिकानों पर सीबीआई का तलाशी अभियान
जांच एजेंसी ने कार्रवाई करते हुए देशभर में कई स्थानों पर तलाशी अभियान भी चलाया. छापेमारी के दौरान मोबाइल फोन समेत कई इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस और आपत्तिजनक दस्तावेज भी बरामद किए गए हैं. सीबीआई इस मामले में राजस्थान SOG के साथ भी समन्वय कर रही है, जिसने शुरुआती जांच की थी. एजेंसी तकनीकी और फॉरेंसिक विश्लेषण के जरिए पेपर लीक से जुड़े सभी पहलुओं की जांच कर रही है. सीबीआई का कहना है कि मामले की निष्पक्ष, व्यापक और पेशेवर तरीके से जांच जारी रहेगी.
यह भी पढ़ेंः चुनाव बाद कैबिनेट की पहले बैठक में UCC पर असम के CM हिमंत बिस्वा सरमा ने लिया ये बड़ा फैसला
