पाकिस्तान भारत के खिलाफ जहर उगलने का कोई मौका नहीं छोड़ता है. पश्चिमी एशिया में छिड़ी जंग के बीच में पाकिस्तान के पूर्व उच्चायुक्त अब्दुल बासित ने भारत को लेकर गीदड़भभकी दी है. उन्होंने एक काल्पनिक स्थित का जिक्र करते हुए कहा कि अगर अमेरिका पाकिस्तान पर अटैक करता है तो इस्लामाबाद को भारत को निशाना बनाना चाहिए.
बासित का भड़काऊ बयान
बासित ने कहा, ‘सोचिए अमेरिका पाकिस्तान के ऊपर हमला करता है तो पाकिस्तान को भारत की राजधानी दिल्ली और मुंबई जैसे शहरों पर बम गिराने चाहिए.’ उनका यह भड़काऊ बयान ऐसे समय में सामने आया, जब अमेरिका-इजरायल और ईरान बीच छिड़ी जंग को तीन सप्ताह हो चुके हैं और क्षेत्रीय स्तर पर भी सुरक्षा को लेकर चिंताएं बनी हुई हैं. अफगानिस्तान के साथ भी पड़ोसी मुल्क का संघर्ष जारी है.
उनका तर्क था कि भले ही पाकिस्तान अपने सीधे टारगेट की पहुंच से बाहर हो, उसे भारतीय महानगरों को निशाना बनाने का इरादा ‘कभी नहीं छोड़ना चाहिए’. इस तर्क से यह संकेत मिलता है कि पाकिस्तान भारत के प्रति कितनी गंदी मानसिकता रखता है. मुंबई और नई दिल्ली का नाम लेकर बासित न केवल 26/11 जैसे आतंकी हमलों के दर्द को ताजा कर रहे हैं, बल्कि दुनिया को यह भी बता रहे हैं कि पाकिस्तान की सैन्य हताशाओं को दूर करने का एकमात्र रास्ता भारत ही है.
टीवी डिबेट में उगला जहर
अब्दुल बासित ने एबीएन न्यूज के साथ टीवी डिबेट में कहा, ‘मान लीजिए, ईरान में हालात खराब हो जाते हैं. इजरायल हमारे पड़ोस में आकर बैठ जाता है. ऐसे हालात बन जाते हैं कि जहां अमेरिका भी हमारे न्यूक्लियर प्रोग्राम को बुरी नजर से देखता है, या फिर हमारे परमाणु क्षमता को तबाह करने की कोशिश करता है, जो नामुमकिन.’
आगे बोले, ‘लेकिन, मैं सबसे बुरे हालात की बात कर रहा हूं, जो कि नामुमकिन है, क्योंकि पाकिस्तान की इतनी क्षमता है कि वह अपनी रक्षा कर सके, लेकिन, अगर कोई ऐसे हालात बन जाते हैं कि अगर अमेरिका ने पाकिस्तान पर हमला कर दिया… हमारे न्यूक्लियर रेंज में अमेरिका नहीं है, हम क्षेत्रीय इलाकों में उनके अड्डों पर भी नहीं पहुंच सकते या हम इजरायल पर भी हमला नहीं कर सकते, तो हमारे लिए क्या रास्ता होगा.’
‘भारत पर हमला कर देना है’
बासित ने फिर अटपटा सा बयान दिया. बोले, ‘हमने तो देखिए, और कुछ नहीं करना. अगर हमारी रेंज अमेरिका तक न भी हुई और हम पर तो किसी ने बुरी नजर डाली, तो हमें तो बिना सोचे समझे भारत पर हमला कर देना है. मुंबई पर कर देना है, नई दिल्ली पर कर देना है. हमें तो छोड़ना नहीं है. देखी जाएगी, जो कुछ बाद में होता है. हमारे पास और कोई रास्ता नहीं होगा, अगर अमेरिका हम पर हमला करता है, जो कि नामुमकिन है. तो ये बात जान लेनी चाहिए दुनिया को कि अगर हम पर किसी ने बुनी निगाह डाली, तो हम जवाब दिए बिना पीछे नहीं हटेंगे. अपनी बात को विराम देते हुए उन्होंने कहा कि हालांकि भारत भी ऐसा नहीं चाहेगा और न हम ऐसी कोई स्थिति चाहते हैं. हम चाहेंगे कि वे हमें मैली आंखों से न देखें.’
कौन हैं अब्दुल बासित?
अब्दुल बासित पाकिस्तान के पूर्व उच्चायु्क्त रहे हैं, वह भारत में भी तीन साल तक के हाई कमिश्नर रहे. भारत के अलावा भी कई देशों में वह पाकिस्तानी दूतावास में बड़े पदों पर रह चुके हैं. वह 2012 से 2014 तक जर्मनी में पाकिस्तान के राजदूत भी रह चुके थे. भारत में उनका कार्यकाल 2014 से शुरू हुआ, इसके तीन साल तक वह यहां रहे. उनके जहरीले बोल तब सामने आए, जब इन शहरों में वह खुद काम कर चुके हैं.
