मिडिल ईस्ट के हालात पर पाकिस्तानी एक्सपर्ट साजिद तरार ने दावा किया है कि तीसरा विश्व युद्ध शुरू हो चुका है. उन्होंने कहा कि जब किसी जंग में 2, 3 या 4 से ज्यादा देश शामिल हों तो उसे विश्व युद्ध ही कहेंगे. साजिद तरार ने यह भी कहा कि ईरान को रूस और चीन मदद कर रहे हैं और ईरान गल्फ देशों पर जो हमले कर रहा है, उसका फायदा रूस को होगा. ईरान गल्फ देशों की रिफाइनरियों पर हमला करने की योजना बना रहा है और ये सारा तेल रूस के पास जाएगा और जब दुनिया में तेल की किल्लत होगी तो वह इस तेल को महंगी कीमतों पर बेचेगा.
अमेरिका-इजरायल और ईरान के बीच जंग दूसरे हफ्ते में दाखिल हो चुकी है. ईरान ने स्ट्राइक्स के बदले में गल्फ देशों में मौजूद यूएस एंबेसी पर ताबड़तोड़ हमले किए हैं, जिसकी वजह से पूरे मिडिल ईस्ट में इस समय हालात बेहद खराब हैं. पाक एक्सपर्ट साजिद तरार ने मिडिल ईस्ट के मौजूदा हालातों और इसके नतीजों पर बात की. उन्होंने कहा कि अगर किसी जंग में दो, तीन या चार से ज्यादा देश लपेटे में हो तो वो विश्व युद्ध ही होता है. साजिद तरार ने मिडिल ईस्ट के हालातों को तीसरी वर्ल्ड वॉर बताया है.
ईजरायल में खबरें बाहर आने पर पाबंदी, पाक एक्सपर्ट ने कहा
साजिद तरार ने कहा, ‘इजरायल इस समय लेबनान के खिलाफ फुल फ्लेज वॉर में चल रहा है. इस दौर के अंदर सबसे ज्यादा खबरें इजरायल से सेंसर हो रही हैं, इजरायल से इस वक्त कोई खबर बाहर नहीं आ रही है. वहां पूरी तरह से पाबंदी है. वेस्टर्न प्रोपेगेंडा सिर्फ तेहरान की खबरें बता रहा है या गल्फ देशों की बिल्डिंग को जलते हुए या पोर्ट के ऊपर ड्रोन या मिसाइल चलते हुए दिखा रहा है और कुछ भी नहीं है.’
क्या अब पानी पर होगी जंग?
साजिद तरार ने कहा कि अब नई बात सामने आ रही है कि ईरान अब गल्फ कोर्पोरेशन काउंसिल (GCC) देशों के वॉटर फिल्ट्रेशन प्लांट्स और रिफाइनरियों पर हमले करेगा. उन्होंने कहा, ‘ईरान की रिफाइनरी के ऊपर जो अटैक किया गया है तो उसके बाद ईरान कह रहा है कि हम पानी के ऊपर भी अटैक करेंगे. जीसीसी देशों के वॉटर फिल्ट्रेशन प्लांट्स पर भी अटैक करेंगे और उसके बाद रिफाइनरियों के ऊपर हमले करेंगे. अगर ये दोनों चीजें होती हैं तो मॉडर्न वॉरफेयर के अंदर नया टर्न आएगा. करोड़ों के हिसाब से जीसीसी देश वॉटर फिल्ट्रेशन प्लांट के ऊपर बैठे हैं तो क्या जंगें अब तेल के बजाय पानी पर होंगी.’
गल्फ देशों का तेल रूस को मिलेगा, कैसे?
साजिद तरार ने कहा, ‘अगर स्ट्रेट ऑफ होर्मुज चोक होता है, सऊदी अरब और गल्फ देशों की रिफाइनरी पर अटैक होता है तो इसका फायदा किसको होगा, इसके बेनिफिशियरी कौन होंगे, तो एक नई बात सामने आई है, इसका बेनिफिशियरी रूस होगा. अब रूस के पास तेल का पैसा आएगा तो खतरा किसको होगा, यूरोप को होगा.’
पाक एक्सपर्ट साजिद तरार ने कहा कि वॉशिंगटन डीसी के अंदर ऐसी बातें हो रही हैं कि चीन और रूस दोनों ईरान को टेक्नोलॉजी को लेकर सपोर्ट कर रहे हैं. जब तेल की कमी होगी तो एक तो रूस पैसा बनाएगा और यूक्रेन तो अब उसके सामने बड़ा छोटा नजर आएगा.
साजिद तरार का दावा- बढ़ेगी रूस की ताकत
उन्होंने कहा कि अभी तक तो डोनाल्ड ट्रंप निशाना लगा रहे थे कि अगला नंबर किस देश का होगा. वेनेजुएला के बाद उन्होंने ईरान पर निशाना लगाया फिर कोलंबिया और क्यूबा पर निशाना लगाया. अब रूस के पास भी इतनी ताकत आने वाली है तो रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन भी निशाना लगाएंगे कि यूक्रेन के बाद किसका नंबर होगा.
