सपा चीफ अखिलेश यादव ने यूपी के सीएम योगी आदित्यनाथ के विदेश दौरे पर तंज कसा. बुधवार (25 फरवरी) को सपा चीफ ने एबीपी न्यूज़ से बातचीत में कहा कि विदाई के बाद लोग घूमने जाते हैं. लेकिन यह पहले मुख्यमंत्री हैं जो विदाई से पहले ही घूमने चले गए. उन्होंने कहा कि अगर किसी की विदाई हो, तो विदाई के बाद घूमने जाता है. यह पहली बार देखा जा रहा है कि विदाई से पहले ही दौरा हो रहा है. जापान गए हैं, देखना कहीं नाम बदलने की परंपरा वहां भी न शुरू हो जाए. कहीं उगते सूरज की धरती को ‘आदित्यपुरम’ न बना दिया जाए.
‘…सवाल उठना स्वाभाविक है’
सीएम योगी के जापान और सिंगापुर के दौरे पर अखिलेश यादव ने कहा, “पहले भी 50 लाख करोड़ रुपये के एमओयू होने की बात कही गई. लेकिन जमीन पर कितना उतरा? कितनों को रोजगार मिला? इंडस्ट्रियल पॉलिसी के तहत कितने उद्योग आए? कितनों को इंसेंटिव दिया गया और कितनी फैक्ट्रियां लगीं? 9 साल में राज्य सरकार और 11 साल में केंद्र सरकार के दावों के बावजूद अगर ये निवेश जमीन पर नहीं दिखते, तो सवाल उठना स्वाभाविक है.”
बसपा विधायक के यहां छापेमारी पर क्या बोले?
अखिलेश यादव ने बसपा विधायक के यहां छापेमारी पर भी प्रतिक्रिया दी. बसपा विधायक उमा शंकर सिंह के लखनऊ और बलिया स्थित परिसर पर इनकम टैक्स ने छापा मारा. इस पर यूपी के मंत्री दिनेश प्रताप सिंह ने नाराजगी जताई. मंत्री के नाराजगी जताने पर अखिलेश यादव ने कहा, “बीजेपी किसी की सगी नहीं है. अपने लोगों की भी नहीं.”
शंकराचार्य भी पीड़ित और दुखी हैं- अखिलेश यादव
मायावती के ‘ब्राह्मण कार्ड’ पर अखिलेश यादव ने कहा , “यह लड़ाई केवल पीडीए (पिछड़ा, दलित, अल्पसंख्यक) की नहीं, बल्कि पीड़ित, दुखी और अपमानित लोगों की है. देखिए, शंकराचार्य भी पीड़ित और दुखी हैं.”
कानपुर के समोसे पर उन्होंने कहा, “मैं कानपुर के लोगों को बधाई देना चाहता हूं. खासकर उस समोसे वाले को जिसकी वजह से शहर चर्चा में है. केवल मुन्ना समोसा ही नहीं, बल्कि कानपुर में और भी कई प्रसिद्ध समोसे वाले हैं. हमें उम्मीद है कि समोसों की बिक्री बढ़ेगी.”